पेटलावद ।झाबुआ अखिल भारतीय क्षत्रिय सीरवी समाज उज्जैन जोगमाया नवदुर्गा मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष भगवान सिंह जी चौहान की अध्यक्षता में 45 वा पूर्णिमा अर्धवार्षिक सम्मेलन संपन्न हुआ जिसमें पूरे देश के विभिन्न शहरों एवं क्षेत्र के सिरवी समाज बंधुओ ने भाग लिया सम्मेलन की शुरुआत आई माताजी की पूजा आरती कर शुरू हुआ इस सम्मेलन के अतिथि दैनिक अग्निपथ के संपादक श्री अर्जुन सिंह जी चंदेल एवं भाजपा मंडल अध्यक्ष एवं उनकी टीम का उज्जैन ट्रस्ट के अध्यक्ष भगवान सिंह जी चौहान एवं समाज जनों ने उनका सम्मान किया उसके पश्चात उज्जैन ट्रस्ट की पूरी कार्यकारिणी ने विधि विधान से पूजा अर्चना कर अर्धवार्षिक सम्मेलन की शुरुआत की सम्मेलन में सभी सदस्यों ने आने वाले उज्जैन सिंहस्थ को देखते हुए उज्जैन योग माया नवदुर्गा मंदिर पर कई निर्माण कार्य के निर्णय के संबंध में चर्चा की गई एवं निर्णय लिया गया जोगमाया मंदिर उज्जैन के शिखर का जीर्णोद्धार करना एवं पास में ही पुराने भवन को तोड़कर वहां पर नए भवन एवं भोजनशाला एवं कमरों का निर्माण करना एवं मंदिर के पीछे जो धर्मशाला बनी हुई है उसकी रिपेयरिंग करना एवं मेंटेनेंस करने का निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया।
*ट्रस्ट के अध्यक्ष भगवान सिंह जी चौहान ने अपनी ट्रस्ट की कार्यकारिणी का गठन किया*
उज्जैन योग माया नवदुर्गा मंदिर पर ट्रस्ट के अध्यक्ष के द्वारा नवीन कार्यकारिणी की घोषणा की गई उपाध्यक्ष हीरालाल ठाकुर जी राठौड़,
दिनेश माधव जी भायल उज्जैन, दिनेश नारायण जी चौधरी रायपुरिया, जगदीश जी मुकाति बड़वानी, कैलाश दामाजी काग कुक्षी, जगदीश नारायणजी भुवानीखेड़ा, मोहन खीमा जी राजपुरा, हीरालाल मोहनलाल रतलाम, महिला उपाध्यक्ष श्रीमती कविता कमल चौधरी लोनसरा, महामंत्री पृथ्वी सिंह सोलंकी, हरिराम सिन्दडा, विक्रम मंगा जी चोयल, सचिव रामलाल हेमा जी, सहसचिव भीमाजी भूरा जी चौधरी, रामेश्वर तुलसीराम जी, कोषाध्यक्ष भारत लाल भेराजी, सह कोषाध्यक्ष रमेश पुनाजी गेहलोत, रोहित मांगीलालजी हामड़, मीडिया प्रभारी प्रकाश रामाजी पडियार पेटलावद, संरक्षक रामजी सेन्चा, रघुनाथ सिन्दडा दिनेश सतपुड़ा, मोहन जी वरर्फा, सतीश पटेल, कांतिलाल जी एवं समाज के संरक्षक के रूप में पूर्व अध्यक्ष एवं वरिष्ठजनो को भी कार्यकारिणी में स्थान दिया गया, कार्यकारिणी गठन के बाद सभी समाज जनों ने नवीन कार्यकारिणी को हार्दिक बधाई देते हुए समाज के हित में अनेक निर्णय लेकर अच्छे कार्य करने का आशीर्वचन भी दिया सम्मेलन के पश्चात योग माया नवदुर्गा मंदिर पर ही सभी सदस्यों मिलकर समाज को आस्वस्थ किया है कि समाज हित में जो भी कार्य होगा तन मन धन से करते रहेंगे।


