उज्जैन में गुंडों - बदमाशों के साथ बीजेपी नेता का जुलूस निकालने पर एसआई समेत दो पुलिसकर्मी लाइन अटैच कर दिए गए हैं।शहर में शुक्रवार को तीन थानों की पुलिस ने चाकूबाजी की वारदात में शामिल 14 बदमाशों का जुलूस निकाला था। आगे तीन लोग ढोल बजाते हुच चल रहे थे। पीछे-पीछे आरोपी को कान पकड़वाकर चलवाया गया था। कोतवाली थाना पुलिस ने कुशलपुरा निवासी विकास करपरिया समेत 6 रिकॉर्डधारी को थाने बुलाकर इस जुलूस का हिस्सा बनाया।
विकास भाजपा के बूथ अध्यक्ष हैं। उन्होंने बीजेपी पदाधिकारियों से इसकी सूचना दी। विधायक अनिल जैन कालूहेड़ा, भाजपा नगर अध्यक्ष विवेक जोशी, उपाध्यक्ष जगदीश पांचाल, भाजपा महामंत्री सत्यनारायण खोईवाल ने एसपी प्रदीप शर्मा से शिकायत की। एसपी ने कोतवाली थाने के एसआई बबलेश कुमार, प्रधान आरक्षक तरुण पाल और आत्माराम परमार को लाइन अटैच कर दिया है।
एसपी शर्मा ने कहा-
जिसका (विकास करपरिया) जुलूस निकाला, उसका अपराधिक रिकार्ड है, लेकिन वो खुद चाकूबाज नहीं, उसका दोस्त चाकूबाज है। ऐसे में उसका जुलूस नहीं निकालना चाहिए था। सिर्फ चाकूबाजों को लेकर निर्देश हैं कि इनको ठीक करना है, इनका बॉन्डओवर कराना है।
बीजेपी नेता विकास करपरिया ने बताया-
शुक्रवार को पेरेंटस मीटिंग में मैं बच्चे के स्कूल में था। कोतवाली से फोन आया। एक घंटे बाद कोतवाली थाने पहुंचा, तो कोट मोहल्ला बुलाया गया। यहां मोबाइल छीन लिया। पुलिस की मार के डर से मैं लाइन में लग गया। पुलिस ने गुंडों के साथ मुझे भी शामिल कर लिया। जबकि मेरे खिलाफ कोई गंभीर आपराधिक मामला नहीं है। डेढ़ साल पहले पड़ोसी से विवाद हुआ था। इसमें क्रॉस रिपोर्ट दर्ज हुई है। मामला अभी विचाराधीन है। जिस तरह पुलिस ने मुझे अपमानित किया है, सोमवार को समाज के लोगों के साथ एसपी और आईजी से मिलकर शिकायत दर्ज कराएंगे।

