थांदला से इमरान खान की रिपोर्ट
थांदला। इस्लाम धर्म की सबसे पवित्र और अहम इबादत मानी जाने वाली हज यात्रा से लौटने वाले हाजियों का सिलसिला शुरू हो चुका है। इसी कड़ी में थांदला निवासी एवं स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के जॉइंट सेक्रेटरी हाजी फारूख शेख 45 दिनों की सफल एवं मुकद्दस हज यात्रा पूर्ण कर सकुशल अपने वतन लौटे। उनके घर पहुंचने पर परिवारजनों, मित्रों और समाजजनों ने गर्मजोशी के साथ फूल-मालाओं से स्वागत कर इस्तकबाल किया।
हाजी फारूख शेख के स्वागत के लिए प्रॉपर्टी ब्रोकर हनीफ छिपा, पत्रकार जावेद खान, मौलाना रहीमुद्दीन लखारा सहित नगर के अनेक गणमान्य नागरिक पहुंचे। इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने हज यात्रा के दौरान निभाए जाने वाले विभिन्न अरकान एवं धार्मिक अनुष्ठानों की जानकारी प्राप्त की।
हाजी फारूख शेख ने बताया कि सऊदी अरब के पवित्र शहर मक्का मुकर्रमा और मदीना मुनव्वरा में हज के दौरान मिली रूहानी अनुभूति को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। काबा शरीफ के दीदार, तवाफ और इबादत के दौरान उन्हें अद्भुत आत्मिक शांति और सुकून का एहसास हुआ। उन्होंने कहा कि यह यात्रा उनके जीवन का सबसे यादगार और अनमोल अध्याय बन गई है।
उन्होंने सऊदी अरब सरकार द्वारा हाजियों के लिए की गई व्यवस्थाओं की भी सराहना करते हुए कहा कि पूरी यात्रा के दौरान उत्कृष्ट सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं, जिससे इबादत पूरी एकाग्रता और सहजता के साथ संपन्न हो सकी।
हाजी फारूख शेख ने बताया कि उन्होंने हज के मुकद्दस सफर के दौरान अपने प्यारे वतन हिंदुस्तान में अमन, चैन, भाईचारे और खुशहाली के लिए विशेष दुआएं मांगीं। उन्होंने कहा कि हज इंसान को विनम्रता, सब्र, त्याग और मानवता का संदेश देता है तथा जीवन को नई दिशा प्रदान करता है।
उल्लेखनीय है कि इस्लाम धर्म में हज को पांच मूल स्तंभों में शामिल किया गया है और प्रत्येक सक्षम मुसलमान की यह तमन्ना होती है कि उसे जीवन में कम से कम एक बार इस मुकद्दस यात्रा का सौभाग्य प्राप्त हो। हज यात्रा से लौटे हाजियों के स्वागत को लेकर नगर में उत्साह और खुशी का माहौल देखने को मिला। समाज के लोगों ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए उनके स्वस्थ एवं सुखद जीवन की कामना की।

