*पेटलावद।* शहर में 20 करोड़ रुपये की लागत से शुद्ध पेयजल हेतु बरवेट रोड पर प्लांट स्थापित किया गया है। ताकि शहर वासियों को शुद्ध पेयजल मिल सके किंतु जिस कंपनी के द्वारा निर्माण कार्य का ठेका लिया है, वह कंपनी अपने मनमाफिक ढंग से शहर में घटिया निर्माण कर रही है। किंतु इस ओर कोई ध्यान देने वाला नहीं है, ताजा मामला फिर सामने आया है जहां घटिया निर्माण की एक बार फिर पोल खुली है।
घटिया निर्माण की ऐसे खुली पोल -
रविवार को शहर के वार्ड क्रमांक 13 राम मोहल्ले में एक मिट्टी से भरा ट्रैक्टर गड्ढे में फस गया जहां पेयजल पाइप लाइन डालने हेतु पूर्व में सड़क खोदी गई थी किंतु निर्माण कंपनी के द्वारा सड़क खोदने के बाद निर्माण घटिया रूप से किया गया जिससे इस तरह की घटनाएं आए दिन हो रही है आज भी एक मिट्टी से भरा ट्रैक्टर ट्राली पूरी तरह फस गया, ट्राली से पूरे मिट्टी निकालने के बाद लगभग 4 घंटे में ट्रैक्टर को वहां से बाहर निकाला गया।
घटिया निर्माण की लिख दी इबारत -
शहर में जिस कंपनी के द्वारा पेयजल पाइप लाइन डालने हेतु निर्माण कार्य किया जा रहा है, वह अपने मनमाफिक ढंग से सारे नियमों को ताक पर रखकर घटिया निर्माण की इबारत लिख रही है, जिससे आमजन को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। घटिया निर्माण के कारण नगर वासियों के साथ छलावा किया जा रहा है, जबकि शासन की ओर से करोड़ों रुपए खर्च कर शहर वासियों को शुद्ध पेयजल दिए जाने हेतु एक महत्वपूर्ण योजना चलाई है।
जिम्मेदारो का उदासीन रवैया -
पेयजल हेतु निर्माण कार्य कर रही कंपनी के घटिया निर्माण को लेकर प्रमुखता से मीडिया के द्वारा लगातार एक के बाद एक मामले उठाए जा रहे हैं किंतु जिम्मेदारों के उदासीन रवैया के चलते अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है जिससे लगातार कंपनी के लोगों के हौसले बुलंद हो रहे हैं जिसके चलते नगर में करोड़ों रुपए की लागत से संचालित हो रही योजना भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी है।
