क्या पुराने करप्ट अध्य्क्ष मनोहरलाल को नई परिषद बना रही अपना गुरु?.... जिसने किया जमकर नगर को परेशान उसको मंच पर देकर संम्मान ट्रोल पर आई नवगठित परिषद.....



पेटलावद से हरिश राठौड़ की रिपोर्ट

पेटलावद। नवनिर्वाचीत  नगरपरिषद के अद्यक्ष उपाध्यक्ष  ने गत दिनों पुष्य नक्षत्र में जाकर अपना पदभार ग्रहण किया और सोमवार 07 नवम्बर को सभी पार्षदो ने परिषद कार्यालय में एक भव्य समारोह आयोजित करते हुए शपथ ग्रहण की जिसमे पूर्व राज्यमंत्री निर्मला भूरिया ,भाजपा जिलाध्यक्ष लक्ष्मणसिंह नायक,महामंत्री कृष्णपालसिंह गंगाखेडी, सहित विभिन्न मोर्चो के अध्य्क्ष , पदाधिकारि ओर मण्डल अध्य्क्ष सोनु मांडोत ओर भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।

लेकिन यह  आयोजन उस समय नगरवासियों के ट्रोल ओर निशाने पर आगया जब इस आयोजन में मंच पर पूर्व नप अद्ययक्ष मनोहरलाल भटेवरा को समान देते हुए मंच पर बैठाया ओर उनका स्वागत भी पार्षदों से कार्यक्रम के संचालक महोदय ने करवा दिया।


  अब इस बात को लेकर लगतार सोसल मीडिया पर नई परिषद ओर मनोहरलाल भटेवरा पे लोग तंज कस रहे है  क्योंकी सभी लोग यह जानते है कि मनोहरला ल भटेवरा ने अपने कार्यकाल में जितना भर्ष्टाचार किया है , ओर उनपर अपने परिजनों को आर्थिक लाभ,नोकरी, सरकारी योजनाओं में लाभ , गैरकानूनी तरीके से छत लीज पर देने सहित कई बड़े आरोप लगे हुए है और मनोहरलाल भटेवरा के कामकाज से  पार्टी और भजपाईयो की छवि भी खूब धुमिल ह्यूई है जिसके चलते ही नप में 07 लोग भाजपा के टिकिट ववाले उमीदवार को हराकर निर्दलिय पार्षद बने है।


क्यो रही कुर्सियां खाली?

वही आमजन के बीच यह भी चर्चा जोरों पर है कि  कई पार्षदों ने अपने वार्डवासियों को भी  इस आयोजन में आमन्त्रित नही किया जिसके चलते आयोजन में कुर्सियां खाली ही पड़ी रही। 


बीजेपी के नेताओ को भी नही छोड़ा था

अब नगर में यह चर्चा जोरो पर है कि नई परिषद पुराने अद्यक को मंच पर बैठाकर ओर उनको समान देकर उनके कार्यो ओर भरस्ताचार पर पर्दा डाल देगी, ऐसी दशा में यह परिषद पुराने परिषद के गलत कामो की न तो जांच करेगी और नही कार्यवाही करेगी   । ओर  उल्टे भटेवरा से ही नगर को चुना लगाने के नए गुण सीखकर   नगरवासियों को प्रताड़ित करेगी मतलब साफ है *तेरी भी चुप ओर मेरी भी चुप*

  मनोहरलाल ने अपने कार्यकाल में जो करप्शन किया है उसको लेकर तो कल अपने अभिभाषण में जिलाध्यक्ष लक्ष्मनसिह नायक ने तक इशारों में तंज कसा था कि *मेरे पास पिछली परिषद की यह शिकायत आयी थी कि बीजेपी के नेता तक को मोटा ने नहीं छोड़ा था


एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.