पेटलावद से हरिश राठौड़ / मनोज पुरोहित की रिपोर्ट
पेटलावद ।नगर परिषद पेटलावद का गठन हुए लगभग 4 साल का समय बीतता जा रहा है वर्तमान में गठित परिषद और इसके अध्यक्ष तथा पार्षद और पूरा कुनबा अपने निजी स्वार्थों को लेकर पिछले 4 सालों में इतना अंधा हो चुका है कि वह पेटलावद की आम जनता की सुख-सुविधाओं या उनकी परेशानियों को देखने के लिए तैयार नहीं है ।
अवैध रूप से रह रहे लोग.....
पेटलावद की आम जनता की परेशानियां अपनी जगह है लेकिन नगर परिषद के द्वारा अपने ही घर का बचाव नहीं किया जा रहा है। यदि आपके घर या आंगन अथवा मकान पर कोई व्यक्ति जबरन कब्जा कर ले तो आप उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने के लिए तत्पर होंगे लेकिन नगर परिषद की ऐसी क्या मजबूरी है कि सरकारी बिल्डिंगों, और दुकानों तथा स्टेज और स्टेज में बने हुए कमरों में लोग अवैध रूप से अतिक्रमण करके निवास कर रहे हैं पूरा परिवार आराम से रह रहा है और इन पर कोई कार्रवाई करने के लिए नगर परिषद तैयार ही नहीं है और नगर परिषद की इस अनदेखी के चलते नगर में आज एक बड़ी घटना घट गई।
महिला ने लगाई फांसी...
नगर परिषद के जिम्मेदारों की अनदेखी या यूं कहे की मिलीभगत के चलते आज नगर में ऐसी घटना घटित हो गई जिससे पूरा पेटलावद नगर परिषद की लापरवाही की चर्चा कर रहा है रहा है ,मामला यह है कि पेटलावद नगर परिषद के अंतर्गत स्थानीय मेला ग्राउंड पर स्टेडियम बना हुआ है उक्त स्टेडियम जो कि हर वर्ष रावण दहन के समय कलाकारों के द्वारा रावण की तैयारी के साथ ही साथ मेले के समय इस स्टेज पर कई प्रकार के कार्यक्रम आयोजित नगर परिषद के द्वारा किए जाते हैं नगर परिषद के अंतर्गत बने इस स्टेडियम में स्टेज पर रहने के लिए दो से तीन कमरे भी बने हुए हैं और स्टेज और कमरे नगर परिषद के अधीन है लेकिन नगर परिषद के जिम्मेदारों की मिलीभगत के चलते बिना किसी विधीक प्रक्रिया अथवा अनुमति के बिना कई वर्षों से उक्त स्टेडियम कई लोगों के कब्जे में है और यहां पर रहने वाली एक महिला ने आज शनिवार को फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली है प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर परिषद के अधीन है और बिना किसी सक्षम अनुमति के इस स्टेज एवं इसमें बने हुए कमरे में कुशलगढ़ की रहने वाली लोबानी पति रमेश के द्वारा दरवाजा बंद करके साड़ी का फंदा बांधकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली गई ,जब इसकी सूचना मिली तो तत्काल उसे अस्पताल ले जाया गया जहां पर डॉक्टरों के द्वारा उसे मृत घोषित कर दिया गया ।
क्या देगी नप जवाब....
अब सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि नगर परिषद में के अधीन और कमरे में उक्त महिला और उसका परिवार कीन आधारों पर निवास कर रहा था? क्या नगर परिषद इस बात का जवाब आम जनता को देगी?
कई बार लोगों ने किया था नगर परिषद का ध्यान आकर्षित....
साथ ही साथ नगर वासियों की मानें तो इस स्टेडियम अवैध रूप से रहने वाले लोगों के खिलाफ कई बार नगर के नागरिकों के द्वारा भी नगर परिषद का ध्यान आकर्षित कराया गया था लेकिन नगर परिषद अपने निजी स्वार्थों के चलते अपने संपत्ति पर लोगों का अवैध कब्जा करने से बाज नहीं आ रही।
और भी कई सरकारी संपत्ति लोगों के कब्जे में....
वहीं नगर परिषद के द्वारा लगभग 12 वर्ष पूर्व मटन मछली मार्केट के लिए दुकानें बनाई गई हैसाथी सब्जी मार्केट के नाम पर भी कई दुकानें नगर परिषद के द्वारा बनाई गई है और दुकानें अब तक आवंटित नहीं होने के अभाव में इन दुकानों पर भी लोगों ने अतिक्रमण कर रखा है क्या जिम्मेदार नगर परिषद अब इस ओर कोई ध्यान देगी।
जिम्मेदारों पर हो कार्रवाई.....
साथ ही क्षेत्र एवं जिले के अधिकारियों को भी नगर परिषद के इस गैर जिम्मेदाराना रवैए को लेकर न सिर्फ इस मामले से जुड़े हुए लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना चाहिए वरन साथ ही साथ जो लोग इस पूरे मामले में संलिप्त हैं उनके खिलाफ आपराधिक मुकदमा भी दर्ज होने की मांग नगर के नागरिकों के द्वारा की जा रही।

