पेटलावद से हरिश राठौड़ की रिपोर्ट
झाबुआ] 19 अगस्त 2021 जिले में मलेरिया रोग के नियंत्रण हेतु कलेक्टर महोदय श्री सोमेश मिश्रा के द्वारा निर्देशित किया गया था कि अति मलेरिया रोग प्रभावित ग्रामों का चिन्हांकन कर ग्राम के जलश्रोतों मे लार्वाभक्षी मछली गम्बूशिया का संचय किया जाये। निर्देश के परिपालन मे मलेरिया रोग की केटेगिरी के आधार पर केटेगिरी 1 के 69 एवं केटेगिरी 3 के 37 ग्रामों का चयन किया गया। चयनित मलेरिया प्रभावित ग्रामों मे दिनांक 10-08-2021 को 18 ग्राम एवं दिनांक 11-8-2021 को 17 ग्रामों के जलश्रोत मे लार्वाभक्षी मछली गम्बूशिया का संचय किया जागा। रानापुर के गवसर दोतड़ रूपाखेड़ा कुशलपुरा समोइ] भूतखेड़ी एवं रामा के छापरी सदावा गोपालपूरा गोमला पारा ,,कल्यानपुरा के देवझिरी चारोलीपाड़ा ,मोहनपुरा आदि ग्रामों मे संचय किया जा रहा है। इसी प्रकार अन्य विकासखण्ड के ग्रामों मे भी कार्ययोजना अनुसार लार्वाभक्षी मछली गम्बूशिया का संचय किया जावेगा। लार्वाभक्षी मछली गम्बूशिया रुके हुवे पानी मे पैदा होने वाले मच्छरों के लार्वा को खाकर मच्छरों की पैदावार को कम करेगी जो कि मलेरिया रोग के प्रसार को रोकने मे सहायक होगा।
झाबुआ जिले में मलेरिया रोग मे निरंतर कमी आ रही है। गत वर्ष मात्र 150 रोगी मलेरिया के पाये गये थे। जन समुदाय से अपील है कि वर्तमान में कोरोना रोग के साथ-साथ आगामी समय मे आने वाली बीमारियाॅ (मलेरिया डेंगू एंव चिकुनगुनिया) को फैलने से रोकन के लिये घरों एंव आसपास के पानी के बर्तनों]सीमेन्ट की टंकियों की नियमित सफाई करते रहे। प्रतिदिन सोते समय मच्छरदानी का उपयोग करे। लार्वाभक्षी मछली संचय दल मे श्री राजेन्द्र हुरमाले] श्री नवल सिंह जमरा श्री झीतर सिंह सोलंकी एंव जिला मतस्य पालन अधिकारी श्री एम.एल भाटी एंव कार्यालय के कर्मचारियों का योगदान रहा।
