पेटलावद से मनोज पुरोहित की रिपोर्ट
पेटलावद ।प्रदेश के राज्यपाल महामहिम मंगू भाई पटेल के सामने पेटलावद के एकलव्य आवासीय परिसर में छात्र छात्राओं के द्वारा अनियमितता और अव्यवस्थाओं को लेकर शिकायत की गई थी और पूरी मीडिया जिला एवं प्रदेश स्तर के अधिकारियों के सामने इस मुद्दे को आने के बाद राज्यपाल के प्रदेश से रवानगी होते-होते शाम तक संभागीय आयुक्त जनजाति विकास विभाग इंदौर के द्वारा एक आदेश जारी करते हुए हॉस्टल अधीक्षक दुर्गा ग्ररवाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित किए जाने का आदेश जारी कर दिया गया साथ ही निलम्बन में उनका आदिवासी विकास झाबुआ कार्यालय में अटेच किया गया। उल्लेखनीय है कि लगातार जो क्रश लगा दे रहे थे उससे प्राथमिक रूप से हॉस्टल अधीक्षक के खिलाफ कार्रवाई होना तय माना जा रहा था।।
अन्य पर भी हो कार्यवाही.......
इस पूरे मामले में पूरी अव्यवस्थाओं को लेकर मात्र हॉस्टल अधीक्षक दुर्गा ग्रवाल को उसी समय आयुक्त इंदौर के के द्वारा निलंबित करते हुए झाबुआ टच किए जाने का आदेश जारी कर दिया गया था।
उठाया था मुद्दा......
वही हमारे द्वारा अन्य दोषियों कार्रवाई के संबंध में अखबारों के माध्यम से खबर प्रकाशित करते हुए बड़ा प्रश्न खड़ा किया था। इसी तारतम्य में आयुक्त इंदौर के द्वारा दिनांक 28 .02.22 को एक आदेश जारी करते हुए संस्था के प्राचार्य योगेन प्रसाद को निलंबित किए जाने का आदेश जारी किया गया है ।वहीं आदेश में यह भी स्पष्ट रूप से लिखित किया गया कि इनके कार्यकाल काल में छात्रावास में गंभीर अव्यवस्थाएं मिली है ।
