पेटलावद। आदिवासियों के मसीहा ओर सभी वर्गों के गुरुदेव के रूप में राष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त मामा बालेश्वर दयाल शर्मा की पुण्यतिथि श्रधान्जली दिवस प्रतिवर्ष 26 दिसबंर को उनके समाधि स्थल बामनिया में मनाई जाती है । जिसमे मामाजी को श्रद्धांजलि अर्पित करने और दर्शन करने के उद्देश्य से मामाजी के न सिर्फ जिले ओर प्रदेश के बल्कि राजस्थान, गुजरात से हजारों अनुयायी पहुचते है। वही मामाजी को नमन करने के लिये देश के बडे बडे जनप्रतिनिधियों का जमावड़ा भी इस दिन बामनिया में होता है।
*अव्यवस्था से आहत है भक्त*
इस वर्ष भी 26 दिसम्बर को मामाजी की पुण्यतिथि पर उनके अनुयायियों के पहुँचने की पूरी तैयारियां है। मामाजी की पुण्यतिथि पर समाधि स्थल व आसपास की अव्यवस्था से उनके अनुयायी काफी आहत है और इसी के चलते पुण्यतिथि के लगभग 01 माह पूर्व तैयारियों को दुरुस्त करने ओर अनुमती के लिये बुधवार को मामाजी के गुजरात, राजस्थान ओर आसपास के क्षेत्रों के अनुयायियों ने तहसील कार्यालय में एकत्रित होकर एक ज्ञापन एसडीएम ओर आइएएस अनिल कुमार राठोर को सोपा।
*अवेद्ध कब्जेदारों को बोवनी से रोके*
ज्ञापन सोपते हुए सेकड़ो भक्तो ने बताया कि हर वर्षानुसार इस वर्ष भी 26 दिसम्बर को मामाजी की पुण्यतिथि मनाई जाती है, समाधि स्थल ओर पहुँच मार्ग व भक्तो के रुकने की जमीनों पर सन्दिग्ध लोगो ने जबरन बोवनी करने से कीचड़ हो जाता है उसे रोका जाए ओर बिना अनुमति के आश्रम की जमीनों को कब्जे करने और बोवनी से रोका जाए।
*सुरक्षा के उपाय ओर समुचित हो व्यवस्था*
मोके पर सुरक्षा के लिये पुलिस बल उपलब्द करवाने के अलावा , कार्य्रकम में लाइट, टेंट, डीजे, पीने के पानी की व्यवस्था और आयोजन की अनुमति भी प्रदान करे। इस तरह मामाजी के श्रधांजलि दिवस के 01 माह पूर्व से ही उनके भक्तो ने अव्यवस्था को लेकर सुधार करने के लिये ज्ञापन देकर प्रशासन को अभी से सचेत कर दिया है।

