पेटलावद से हरिश राठौड़ की रिपोर्ट
पेटलावद नगर परिषद के पूर्व अध्यक्ष श्रीमती संगीता विनोद भंडारी और विनोद भंडारी के कार्यकाल में वो विकास कार्य हुए वो आज भी दिख रहे है। लेकिन वर्तमान अध्यक्ष मनोहर लाल भटेवरा ने उन कार्यों पर अपने चार साल के कार्यकाल में पानी फेर दिया है। भटेवरा के कार्यकाल कि उल्टी गिनती शुरू हो गई है लेकिन इनके कार्यकाल में ऐसा एक भी विकासरूपी कार्य नहीं हुआ है। यह कहना भी ग़लत नहीं होगा कि मनोहरलाल भटेवरा के कार्यकाल में नगर में कांग्रेस का ग्राफ बढ़ा है। भटेवरा के कार्यकाल कि उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है लेकिन अब जितना भी समय बच्चा है उसमे अब बड़ा गेम खेलने की तेय्यारी हो रही है। 40 लाख से भी अधिक लागत से अस्पताल मार्ग पुराने बस स्टैंड के नजदीक बने अपूर्ण बालो उद्यान का सारा सामान मरम्मत के नाम पर पहले है यहां से हटवा लिया गया है जो कहा है यह भटेवरा के इशारे पर सही ग़लत कार्य करने वाले शर्मा जी ही बता सकते है। पिछले दिनों बालों उद्यान के नाम से आरक्षित जमीन पर बताया जाता है कि एक कॉम्प्लेक्स निर्माण के लिए विज्ञप्ति नगर परिषद द्वारा निकाली गई थी। लेकिन सबसे बड़ी बात यह रही कि बालों उद्यान वाली जमीन नगर के वार्ड क्रमांक 05 में आती है किन्तु सीएमओ शर्मा ने यह जमीन विज्ञप्ति में वार्ड क्रमांक 01 में दर्शाई गई है। सीएमओ शर्मा को पेटलावद में लगभग एक वर्ष हो चुका है और इनके एक वर्ष के कार्यकाल में लोगों द्वारा सीएम हेल्पलाइन 181 पर कई शिकायते दर्ज करवाई है लेकिन कुछ शिकायतों का तो आज भी निराकरण नहीं हुआ है। शिकायतकर्ता से हाथा -- जोड़ी कर शिकायत कटवा देता है। अध्यक्ष अपने अभी तक के कार्यकाल में ऐसा एक भी कार्य नहीं बता सकता है जो जनहित में है। एक बात जरूर है भटेवरा के कार्यकाल में नगर का भले ही विकास नहीं हुआ है लेकिन मोटा भाई ने इस कार्यकाल में खुद का तो अच्छा बला ध्यान रखा है। फिलहाल मोटा भाई का जो कार्यकाल शेष है उसमे चर्चा है कि नगर में दुकानें निर्माण की आड़ में बड़ा दांव लगाने के मूड में है। नगर में हर रोज मच्छरों का प्रकोप बड़ता जा रहा है लेकिन साहब तो अभी चौपहिया की जुगाड लगे हुए है। पिछले कुछ दिनों पूर्व नगर में डिवाइडर पर किए गए वृक्षारोपण और टीगार्ड कि आड़ में भी फर्जीवाड़ा हुआ है। लेकिन यहां पर कांग्रेसी भी कुछ नहीं बोलते है क्योंकि सब के सब सेट है। सूत्रों कि माने तो मोटा भाई ने कुछ लोगों के मुंह तो दुकानों की लालच देकर बन्द कर दिए है। अंदर खाने कि जानकारी रखने वाले तो यहां तक बताते है की मोटा भाई एफबी के नाम का डीजल अपने निजी वाहन में डलवाते है और यदि ऐसा वाकय में हो रहा है तो ऐसे व्यक्ति से नगर के विकास कि उम्मीद करनी भी बेईमानी होगी।
